Thursday , October 6 2022

अयोध्या में जमीन की अवैध खरीद-फरोख्त

अयोध्या। अयोध्या विकास प्राधिकरण ने अपने क्षेत्र में अवैध रूप से भूखंड बेचने और उन पर निर्माण कार्य कराने वाले 40 लोगों की सूची जारी की है। इनमें अयोध्या के महापौर ऋषिकेश उपाध्याय और भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) विधायक वेद प्रकाश गुप्ता भी शामिल हैं। प्राधिकरण के उपाध्यक्ष विशाल सिंह ने रविवार को बताया कि प्राधिकरण द्वारा शनिवार रात प्राधिकरण क्षेत्र में अवैध रूप से जमीन की खरीद-फरोख्त और निर्माण कार्य कराने वाले 40 लोगों की एक सूची जारी की गई। उन्होंने कहा कि सूची में शामिल इन सभी लोगों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। प्राधिकरण द्वारा जारी सूची में भाजपा विधायक वेद प्रकाश गुप्ता और अयोध्या के मेयर ऋषिकेश उपाध्याय के नाम भी शामिल हैं। गुप्ता और उपाध्याय ने आरोप लगाया कि यह एक साजिश है और उन्हें गलत तरीके से इस मामले में फंसाया गया है। सूची में मिल्कीपुर क्षेत्र से पूर्व भाजपा विधायक गोरखनाथ बाबा का नाम भी शामिल है। गौरतलब है कि इस साल के शुरू में हुए विधानसभा चुनाव से पहले अयोध्या में गलत तरीके से जमीन की खरीद-फरोख्त किए जाने का मामला गर्माया था। क्षेत्रीय सांसद लल्लू सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र लिखकर इस मामले की विशेष अनुसंधान दल (एसआईटी) से जांच कराने की मांग की थी। 

राज्य के मुख्य विपक्षी दल समाजवादी पार्टी (सपा) के राष्ट्रीय अध्यक्ष और प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने एक ट्वीट कर इस मामले पर कहा हमने पहले भी कहा है, फिर दोहरा रहे हैं… भाजपा के भ्रष्टाचारी कम-से-कम अयोध्या को तो छोड़ दें। इससे पहले सपा ने अपने आधिकारिक हैंडल से किए गए ट्वीट में कहा था, अयोध्या में भाजपाइयों का पाप! भाजपा के महापौर, नगर विधायक और पूर्व विधायक भू-माफियाओं के साथ मिलकर बसा रहे अवैध कॉलोनियां। जिम्मेदार विभागों से सांठगांठ कर अबतक 30 अवैध कॉलोनियां बसाकर सरकार को अरबों रुपये के राजस्व का लगाया चूना। मामले की हो जांच। दोषियों के खिलाफ हो कार्रवाई। पूर्व में इस मामले को उठाने वाले आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता संजय सिंह ने भी अयोध्या विकास प्राधिकरण द्वारा सूची जारी किए जाने पर प्रतिक्रिया देते हुए आरोप लगाया कि भाजपा के लोगों की आस्था भगवान श्रीराम में नहीं, बल्कि भ्रष्टाचार में है।